चिरैया
चिरैया चिरैया सीरीज आजकल काफी चर्चा में है। अपने छोटे छोटे वाक्यों और सहज भाव मुद्राओं द्वारा यह बेव सीरीज भारतीय समाज की बख़िया उधेड़ने का काम कर रही है। यह कहानी है एक पूजा की और कमलेश की। पूजा आधुनिक विचारों वाली लड़की है। जिसे अखबार को पहले पन्ने से पढ़ने की आदत है। वहीं दूसरी ओर कमलेश भारतीय समाज की उस स्त्री का प्रतिनिधित्व करती नजर आती है जिसे शादी के बंधन में बांध कर उसकी पढ़ाई रोक दी जाती है। जिसकी नजर में लुगाई का अखबार खाने - पीने वाला पेज है। उसे पहले पेज देश,दुनिया, राजनीति से कोई लेना देना नहीं होना चाहिए। उसके सोचने समझने के सारे दरवाजे बंद कर दिए जाते हैं। आदर्श बहु का रोल उसको इस तरह सीखा दिया जाता है कि कोई भी नई चीज उसे नागवार गुजरती है। कहानी शुरू होती है पूजा और अरुण की देखने दिखाने की रस्म से। जहां ऐसी परिस्थिति में लड़कियों से आज भी उम्मीद की जाती है कि वह कोई भजन या अच्छा पुराना गीत गाएंगी पूजा एक इंग्लिश गाना गाती है। उसके ब्लाउज थोड़े डीप हैं, नए फैशन के हैं। कमलेश ने अरुण को अपने बेटे के जैसे पाला है, उसको लगता है कि वह कुछ गलत कर ही नहीं सकता। शादी से प...